2026 में अंटार्कटिका के ओजोन छेद का क्षेत्रफल दिखाता CAMS चार्ट12 सितंबर 2026 को अंटार्कटिका के ओजोन छेद का क्षेत्रफल दिखाता CAMS चार्ट।

2026 में ओजोन छेद ने फिर तेज रफ्तार पकड़ी, अगस्त के अंत में ही 1.5 करोड़ वर्ग किमी का आंकड़ा पार

CAMS के मुताबिक दूसरे संकेतक अभी औसत के करीब, वैज्ञानिकों की लगातार निगरानी जारी

बॉन। अंटार्कटिका के ऊपर 2026 का ओजोन छेद सितंबर की शुरुआत में तेजी से बढ़ा है। यूरोपीय संघ की कोपरनिकस वायुमंडलीय निगरानी सेवा (CAMS) के मुताबिक, 12 सितंबर 2026 को ओजोन छेद का क्षेत्रफल अनुमानित 2.5 करोड़ वर्ग किलोमीटर तक पहुंच गया। यह इस अवधि के औसत से करीब 50 लाख वर्ग किलोमीटर ज्यादा है।

CAMS ने 16 सितंबर को मनाए जाने वाले संयुक्त राष्ट्र अंतरराष्ट्रीय ओजोन परत संरक्षण दिवस से पहले यह जानकारी जारी की है। संस्था के मुताबिक 2026 में ओजोन छेद ने एक महत्वपूर्ण आकार सीमा औसत से थोड़ा पहले पार की और 2025 की तरह इस साल भी इसका क्षेत्रफल औसत से ऊपर बना हुआ है।

अगस्त के अंत में ही 1.5 करोड़ वर्ग किमी पार

CAMS के अनुसार अगस्त के दूसरे हिस्से से 2026 के ओजोन छेद का विकास पिछले 46 वर्षों के सामान्य पैटर्न के अनुरूप रहा। अगस्त 2026 के अंत तक इसका क्षेत्रफल 1.5 करोड़ वर्ग किलोमीटर तक पहुंच गया था।

यह क्षेत्रफल अंटार्कटिका के कुल क्षेत्रफल से भी बड़ा है। CAMS के अनुसार अंटार्कटिका का क्षेत्रफल करीब 1.42 करोड़ वर्ग किलोमीटर है।

2025 में ओजोन छेद ने 1.5 करोड़ वर्ग किलोमीटर का क्षेत्रफल 30 अगस्त को पार किया था। इस साल यह सीमा थोड़ी पहले पार हुई।

सितंबर में तेजी से बढ़ा ओजोन छेद

सितंबर के पहले पखवाड़े में ओजोन छेद के क्षेत्रफल में तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई। CAMS के आंकड़ों के अनुसार 12 सितंबर को इसका अनुमानित क्षेत्रफल 2.5 करोड़ वर्ग किलोमीटर था।

CAMS के पूर्वानुमान में सितंबर के मध्य में इसके क्षेत्रफल में और बढ़ोतरी की संभावना दिखाई गई है।

संस्था के मुताबिक दक्षिणी गोलार्ध के समताप मंडल में बेहद कम तापमान के कारण ध्रुवीय समतापमंडलीय बादल बनते हैं। दक्षिणी गोलार्ध के वसंत यानी अगस्त से नवंबर के दौरान सूर्य के प्रकाश की मौजूदगी में ये बादल ओजोन को रासायनिक रूप से नष्ट करने वाली प्रक्रियाओं को बढ़ावा दे सकते हैं।

2026 में ओजोन छेद के तेजी से बढ़ने का समय दक्षिणी ध्रुव से करीब 20 किलोमीटर ऊपर न्यूनतम तापमान में अचानक गिरावट के साथ भी जुड़ा है।

हर संकेतक एक जैसी तस्वीर नहीं दिखा रहा

CAMS ने यह भी स्पष्ट किया है कि ओजोन छेद का क्षेत्रफल तेजी से बढ़ने के बावजूद दूसरे महत्वपूर्ण संकेतक अभी ऐतिहासिक औसत के आसपास हैं।

इनमें ओजोन छेद के निर्धारित क्षेत्र के भीतर न्यूनतम ओजोन मात्रा और ओजोन मास डेफिसिट शामिल हैं। दोनों संकेतक फिलहाल औसत मूल्यों के करीब बने हुए हैं।

CAMS की निदेशक लॉरेंस रूइल के मुताबिक ओजोन छेद का विकास हर साल अलग-अलग हो सकता है और इसके पीछे कई वायुमंडलीय तथा रासायनिक कारक काम करते हैं। उन्होंने कहा कि इस साल सितंबर की शुरुआत में क्षेत्रफल तेजी से बढ़ा है, लेकिन अन्य संकेतक ऐतिहासिक औसत के करीब हैं।

7ओजोन परत क्यों महत्वपूर्ण है?

ओजोन परत पृथ्वी पर जीवन को सूर्य की हानिकारक पराबैंगनी यानी यूवी किरणों से बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। CAMS के अनुसार मानव निर्मित ओजोन-क्षयकारी पदार्थों के उत्सर्जन ने लगभग आधी सदी तक ओजोन परत को पतला किया है।

अंटार्कटिका के ऊपर ओजोन छेद हर साल दक्षिणी गोलार्ध के वसंत के दौरान विकसित होता है। हाल के वर्षों में अपेक्षाकृत छोटे और कम समय तक रहने वाले ओजोन छेद देखे गए हैं, जो ओजोन परत की दीर्घकालिक रिकवरी की दिशा में संकेत देते हैं।

CAMS के ऐतिहासिक आंकड़ों के अनुसार 9 सितंबर 2006 को ओजोन छेद का रिकॉर्ड क्षेत्रफल 2.96 करोड़ वर्ग किलोमीटर दर्ज किया गया था।

SOURCE: CAMS / ECMWF
PHOTO SOURCE: CAMS / ECMWF


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यह समाचार Copernicus Atmosphere Monitoring Service (CAMS) और ECMWF द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी के आधार पर तैयार किया गया है। ओजोन छेद के क्षेत्रफल और पूर्वानुमान से संबंधित आंकड़े CAMS के उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार दिए गए हैं।I ndia Time Report TV™ का उद्देश्य केवल तथ्यात्मक, निष्पक्ष और जिम्मेदार रिपोर्टिंग करना है। India Time Report TV™ का उद्देश्य किसी व्यक्ति, संगठन या राजनीतिक दल का समर्थन या विरोध करना नहीं है।

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By India Time Report TV Desk

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